तुर्किए में ईद-अल-अधा: एकजुटता का मौसम, सामाजिक संबंधों को मजबूत करना
अंकारा, 27 मई (QNA) - तुर्किए में ईद-अल-अधा को सामाजिक एकजुटता, पारिवारिक संबंध और समाज के सभी वर्गों में समुदायिक संबंधों को मजबूत करने का मौसम माना जाता है।
वैश्विक आर्थिक चुनौतियों के बीच... एपीईसी व्यापार मंत्रियों की चीन में क्षेत्रीय आर्थिक एकीकरण पर चर्चा कल /रिपोर्ट/ (1)
दोहा, 21 मई (QNA) - दुनिया में बढ़ते संकटों और आर्थिक चुनौतियों के बीच, एशिया-प्रशांत आर्थिक सहयोग (APEC) के व्यापार के लिए जिम्मेदार मंत्रियों (MRT) की 32वीं बैठक कल चीन के सूज़ौ शहर में शुरू होगी और दो दिनों तक चलेगी।
जैव विविधता के लिए अंतरराष्ट्रीय दिवस... कतर ने पारिस्थितिक संतुलन बनाए रखने के लिए विशिष्ट पहल शुरू की (1)
दोहा, 21 मई (क्यूएनए) - दुनिया हर साल 22 मई को जैव विविधता के लिए अंतरराष्ट्रीय दिवस मनाती है, पृथ्वी की रक्षा के लिए गहन प्रयासों के बीच—विशेष रूप से जानवरों और पौधों के जीवन, जो मानव कल्याण के लिए अब और भविष्य में एक आधारशिला हैं।
विश्व दूरसंचार और सूचना समाज दिवस पर, कतर वैश्विक चुनौतियों के बीच अपनी डिजिटल नेतृत्व को जारी रखता है - रिपोर्ट (1)
दोहा, 16 मई (QNA) - इंटरनेट की पहुंच में वैश्विक असमानताएँ अंतरराष्ट्रीय प्रयासों के लिए एक बढ़ती चुनौती प्रस्तुत कर रही हैं, जो समानता को बढ़ावा देने और सतत विकास लक्ष्यों को प्राप्त करने के लिए हैं, क्योंकि डिजिटल पहुंच में अंतर विभिन्न सामाजिक वर्गों और देशों में बना हुआ है।
कतर की उच्च शिक्षा प्रणाली... पीढ़ियाँ राष्ट्र का निर्माण करती हैं, भविष्य को आकार देती हैं (रिपोर्ट)
दोहा, 10 मई (QNA) - कतर में उच्च शिक्षा मानव विकास और ज्ञान-आधारित अर्थव्यवस्था का आधार है, क्योंकि इसका उद्देश्य आवश्यक कौशल के साथ राष्ट्रीय कैडर तैयार करना, वैज्ञानिक अनुसंधान को बढ़ावा देना और श्रम बाजार की आवश्यकताओं को पूरा करना है। यह छात्रवृत्तियों और अंतरराष्ट्रीय विश्वविद्यालयों व छात्रों को आकर्षित करके सांस्कृतिक विविधता और अंतरराष्ट्रीय आदान-प्रदान को भी बढ़ावा देता है, जिससे एक वैश्विक शैक्षिक अनुभव मिलता है।
एक दशक बाद भी संघर्ष क्षेत्रों में स्वास्थ्य देखभाल पर खतरा बरकरार - रिपोर्ट
दोहा, 07 मई (QNA) - सशस्त्र संघर्षों के दौरान स्वास्थ्य देखभाल की सुरक्षा के लिए एक ऐतिहासिक संयुक्त राष्ट्र प्रस्ताव को अपनाए जाने के दस साल बाद भी, अस्पतालों, चिकित्सा कर्मियों, एंबुलेंस और मरीजों पर दुनिया भर के संघर्ष क्षेत्रों में लगातार हमले जारी हैं।
English
Français
Deutsch
Español
русский
हिंदी
اردو